நாம் முன்னேறி தான் ஆக வேண்டும் என்பது தவிர்க்க முடியாத ஒரு தருணம் என்பது வாழ்வில் எல்லோருக்கும் புரிந்திருக்கும் ஏனென்றால் நம்மை விட நம் வயது ஏறிக் கொண்டிருக்கிறது வேகமாக உலகம் வேகமாக முன்னேறிக் கொண்டிருக்கிறது ஐந்து நிமிடத்தில் நாம் நடக்க தயாரானாள பலவிதங்களில் நாம் கற்க வேண்டியது அந்த அடிப்படையில் நாம் வாழ்க்கையில் முன்னேற்றம் பயன்பாடு எல்லாம் அடங்கி இருக்கிறது....
You might have heard of it on Kiwi Farms, now you will learn the true story of the most dangerous and deadliest industry in the entire world. The Chaning Industry. This handbook will teach you that not only should we avoid it, we should also do something about it. Over 2,000 people get channed every day by evil people.
I reluctantly got up from my comfortable spot on the couch and went to the junk drawer in the kitchen to find a flashlight. Once I found a big enough light, I walked upstairs to the attic door. I shivered as my hands touched the cool metal, Beads of sweat collected on my forehead as I knew what I was about to walk into. Pushing open the door, I slowly stepped into the complete darkness. Drafts of wind blew from different directions as I walked through the room. I could smell the mothballs and dust collection as I stumbled to find the flashlight, I knew I just held and click on the tiny button.
I put the breath of life in the man created by My hand, and he pulled himself out from Me and withdrew into himself with all of My gift, with the breath of life that I gave him, as what I put in him, I did not take back, but I call the man to account for the gift of the life which does not die. The soul does not die, and it comes back to Me, but I call the man to account for those that he had done to his soul.
यह कहानी है उस खजाने की जो सत्रहवी शताब्दी में दुनिया से छिपाया गया था। यह खजाना किसी के लिए अमानत था, किसी के लिए पुरखों का आशीर्वाद ,तो किसके लिए बस अमीर बनने का रास्ता ।इस खजाने को छिपाने के बाद कई दिन , महीने ,साल ,सदियां तक बीत गई पर किसीने भी इसे ढूंढने की हिम्मत नहीं की। क्योंकी इसे छिपानेवालों इतने गुमनामी ,चालाखी और होशियारी से अपना काम किया था की सुननेवालों को यह खजाने की हक़ीक़त सिर्फ अफवा लगे । पर इस अफवा को सच माननेवालों ने भी कभी इसे तलाशने की कोशिश नहीं की। क्योंकी वह यह बात अच्छी तरह से जानते थे की यह खजाना जितना कीमती है उससे कई गुना ज्यादा खतरा इसकी तलाश करने में है । सदियों तक वह खजाना इंसान की नजरों दूर दुनिया के किसी कोने में छिपा रहा शायद अपने असली हकदार का इंतजार करते हुए ।
इक्कीसवी सदी में एक नौजवान उभरा, जिसमे वह खजाना पाने का हौसला ,काबिलियत और जरूरत थी। उस नौजवान को उस खजाने की तलाश थी या फिर उस खजाने को नौजवान की ,यह कह पाना मुश्किल है पर उसने वह खजाना पाने का फैसला कर लिया या फिर हम यह भी कह सकते है हालातोंने उसे उस खजाने की तलाश में छोड़ दिया । उसकी यह तलाश बिल्कुल भी आसान नहीं थी ,उसे ऐसे मुश्किलों का सामना करना पड़ता जो उसने ना ही कभी देखे थे और ना ही कभी सुने थे, कई बार उसे मौत का सामना भी करना पड़ा। पर इस सब के बावजूद क्या उसे खजाना मिला ?
सतराहवी शताब्दी मे जोधपुर के एक व्यापारी अपनी जिंदगी की सारी जमापूँजी जिसमे कई सोना, कीमती हिरे ,मोती ,नीलम मानक शामिल थे । ऐसा कीमती खजाना अपनी शाही हवेली के अंदर पहरेदारों के बीच रखने के बजाए एक मराठा सरदार से उसे महफूज रखने की विनती क्यों करते है ??
उदय शर्मा पंद्रह बीस साल पहले मुंबई की गलियों मे रहनेवाला मामूलसा नौजवान जो दो वक्त की रोटी के लिए किसी मिल मे नौकरी कर रहा था । वह अपने सपने , सूझबूझ और हिम्मत से कुछही सालों मे इतनी तरक्की कर लेता है की मजदूर से मालिक बन जाता है । आसमान की बुलंदीयो कॊ छूने की कोशिश करता है । आलीशान महलों मे रहनेवाली एक हसीना यौवना उसकी होशियारी , बहादुरी और काबीलियत पर इतनी मोह जाती है की अपनी सारी जिंदगी हमेशा हमेशा के लिए उसके नाम कर देती है ।
पर उस नौजवान जिंदगी यही नही रुकती उसके जीवन मे एक ऐसा मोड़ आता है की नियती उसने कमाई हुई सारी पूँजी , इज्जत यहाँ तक की उसकी जीवनसाथी भी उससे छीन लेती है । पुलिस केस , कर्जा और दुश्मनों की चंगुल से अपनी जान बचाते हुए वह ऐसी जगह पहुँचता है । जहाँ वह उस जगह से पूरी तरह अंजान रहता है मगर वह जगह वह मिट्टी उससे अच्छी तरह वाकिफ रहती है । वहाँ उसे कई मुश्किलों से गुजरना पड़ता है और वही मुश्किलें उसका भविष्य तय करती है ।
उसके साथ वहाँ क्या क्या होता है यह जानने के लिए आप यह उपन्यास जरूर पढिए । आशा है आपको जरूर यह कहानी रोचक महसूस होगी ।
நாம் முன்னேறி தான் ஆக வேண்டும் என்பது தவிர்க்க முடியாத ஒரு தருணம் என்பது வாழ்வில் எல்லோருக்கும் புரிந்திருக்கும் ஏனென்றால் நம்மை விட நம் வயது ஏறிக் கொண்டிருக்கிறது வேகமாக உலகம் வேகமாக முன்னேறிக் கொண்டிருக்கிறது ஐந்து நிமிடத்தில் நாம் நடக்க தயாரானாள பலவிதங்களில் நாம் கற்க வேண்டியது அந்த அடிப்படையில் நாம் வாழ்க்கையில் முன்னேற்றம் பயன்பாடு எல்லாம் அடங்கி இருக்கிறது....
You might have heard of it on Kiwi Farms, now you will learn the true story of the most dangerous and deadliest industry in the entire world. The Chaning Industry. This handbook will teach you that not only should we avoid it, we should also do something about it. Over 2,000 people get channed every day by evil people.
I reluctantly got up from my comfortable spot on the couch and went to the junk drawer in the kitchen to find a flashlight. Once I found a big enough light, I walked upstairs to the attic door. I shivered as my hands touched the cool metal, Beads of sweat collected on my forehead as I knew what I was about to walk into. Pushing open the door, I slowly stepped into the complete darkness. Drafts of wind blew from different directions as I walked through the room. I could smell the mothballs and dust collection as I stumbled to find the flashlight, I knew I just held and click on the tiny button.
I put the breath of life in the man created by My hand, and he pulled himself out from Me and withdrew into himself with all of My gift, with the breath of life that I gave him, as what I put in him, I did not take back, but I call the man to account for the gift of the life which does not die. The soul does not die, and it comes back to Me, but I call the man to account for those that he had done to his soul.
यह कहानी है उस खजाने की जो सत्रहवी शताब्दी में दुनिया से छिपाया गया था। यह खजाना किसी के लिए अमानत था, किसी के लिए पुरखों का आशीर्वाद ,तो किसके लिए बस अमीर बनने का रास्ता ।इस खजाने को छिपाने के बाद कई दिन , महीने ,साल ,सदियां तक बीत गई पर किसीने भी इसे ढूंढने की हिम्मत नहीं की। क्योंकी इसे छिपानेवालों इतने गुमनामी ,चालाखी और होशियारी से अपना काम किया था की सुननेवालों को यह खजाने की हक़ीक़त सिर्फ अफवा लगे । पर इस अफवा को सच माननेवालों ने भी कभी इसे तलाशने की कोशिश नहीं की। क्योंकी वह यह बात अच्छी तरह से जानते थे की यह खजाना जितना कीमती है उससे कई गुना ज्यादा खतरा इसकी तलाश करने में है । सदियों तक वह खजाना इंसान की नजरों दूर दुनिया के किसी कोने में छिपा रहा शायद अपने असली हकदार का इंतजार करते हुए ।
इक्कीसवी सदी में एक नौजवान उभरा, जिसमे वह खजाना पाने का हौसला ,काबिलियत और जरूरत थी। उस नौजवान को उस खजाने की तलाश थी या फिर उस खजाने को नौजवान की ,यह कह पाना मुश्किल है पर उसने वह खजाना पाने का फैसला कर लिया या फिर हम यह भी कह सकते है हालातोंने उसे उस खजाने की तलाश में छोड़ दिया । उसकी यह तलाश बिल्कुल भी आसान नहीं थी ,उसे ऐसे मुश्किलों का सामना करना पड़ता जो उसने ना ही कभी देखे थे और ना ही कभी सुने थे, कई बार उसे मौत का सामना भी करना पड़ा। पर इस सब के बावजूद क्या उसे खजाना मिला ?
सतराहवी शताब्दी मे जोधपुर के एक व्यापारी अपनी जिंदगी की सारी जमापूँजी जिसमे कई सोना, कीमती हिरे ,मोती ,नीलम मानक शामिल थे । ऐसा कीमती खजाना अपनी शाही हवेली के अंदर पहरेदारों के बीच रखने के बजाए एक मराठा सरदार से उसे महफूज रखने की विनती क्यों करते है ??
उदय शर्मा पंद्रह बीस साल पहले मुंबई की गलियों मे रहनेवाला मामूलसा नौजवान जो दो वक्त की रोटी के लिए किसी मिल मे नौकरी कर रहा था । वह अपने सपने , सूझबूझ और हिम्मत से कुछही सालों मे इतनी तरक्की कर लेता है की मजदूर से मालिक बन जाता है । आसमान की बुलंदीयो कॊ छूने की कोशिश करता है । आलीशान महलों मे रहनेवाली एक हसीना यौवना उसकी होशियारी , बहादुरी और काबीलियत पर इतनी मोह जाती है की अपनी सारी जिंदगी हमेशा हमेशा के लिए उसके नाम कर देती है ।
पर उस नौजवान जिंदगी यही नही रुकती उसके जीवन मे एक ऐसा मोड़ आता है की नियती उसने कमाई हुई सारी पूँजी , इज्जत यहाँ तक की उसकी जीवनसाथी भी उससे छीन लेती है । पुलिस केस , कर्जा और दुश्मनों की चंगुल से अपनी जान बचाते हुए वह ऐसी जगह पहुँचता है । जहाँ वह उस जगह से पूरी तरह अंजान रहता है मगर वह जगह वह मिट्टी उससे अच्छी तरह वाकिफ रहती है । वहाँ उसे कई मुश्किलों से गुजरना पड़ता है और वही मुश्किलें उसका भविष्य तय करती है ।
उसके साथ वहाँ क्या क्या होता है यह जानने के लिए आप यह उपन्यास जरूर पढिए । आशा है आपको जरूर यह कहानी रोचक महसूस होगी ।